जबलपुर से पुणे समेत 5 शहरों के लिए सीधी उड़ान की मांग, फेडरेशन ने इंडिगो प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन, 300 से 500 किमी के दायरे में उड़ानों के विस्तार का सुझाव


जबलपुर। जबलपुर की सीमित और लगातार घटती हवाई सेवाओं को लेकर फेडरेशन ऑफ मध्यप्रदेश चेम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने इंडिगो एयरलाइन के प्रतिनिधियों के साथ महत्वपूर्ण चर्चा की। फेडरेशन ने शहर की औद्योगिक, व्यापारिक, पर्यटन, शैक्षणिक और निवेश संबंधी जरूरतों को देखते हुए हवाई कनेक्टिविटी बढ़ाने की मांग करते हुए इंडिगो प्रबंधन को ज्ञापन सौंपा।
फेडरेशन अध्यक्ष हिमांशु खरे ने कहा कि जबलपुर मध्यप्रदेश का महत्वपूर्ण संभागीय मुख्यालय होने के साथ उद्योग, शिक्षा और पर्यटन के क्षेत्र में भी अहम स्थान रखता है। वर्तमान में जबलपुर से दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरु, इंदौर और कोलकाता जैसे प्रमुख शहरों के लिए हवाई सेवाएं उपलब्ध हैं, जबकि पूर्व में अहमदाबाद, पुणे और चेन्नई के लिए भी सीधी उड़ानें संचालित होती थीं।
फेडरेशन ने पुणे, जयपुर, अहमदाबाद, चेन्नई और पटना के लिए सीधी हवाई सेवाएं शुरू करने की मांग रखी। बैठक में इंडिगो के डायरेक्टर सेल्स प्रीतम चक्रवर्ती ने बताया कि जबलपुर-बेंगलुरु उड़ान को बोइंग विमान सेवा में परिवर्तित किए जाने की योजना है और इसे चेन्नई तक कनेक्ट किया जाएगा। इससे जबलपुर से चेन्नई की यात्रा करीब पांच घंटे में पूरी हो सकेगी और दक्षिण भारत के प्रमुख शहरों से कनेक्टिविटी मजबूत होने की संभावना है।

फेडरेशन ने इंडिगो प्रबंधन को सुझाव दिया कि जबलपुर के आसपास 300 से 500 किलोमीटर की परिधि में संचालित उपयुक्त उड़ानों का विस्तार जबलपुर तक किया जाए। फेडरेशन का मानना है कि मौजूदा रूट के विस्तार से कम समय में शहर की हवाई कनेक्टिविटी बढ़ाई जा सकती है।

बैठक में जबलपुर में पायलट ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट स्थापित करने की मांग भी उठाई गई। हिमांशु खरे ने कहा कि विमानन क्षेत्र के तेजी से विस्तार के कारण प्रशिक्षित पायलट और एविएशन प्रोफेशनल्स की मांग बढ़ रही है। जबलपुर में प्रशिक्षण संस्थान शुरू होने से मध्यप्रदेश के युवाओं को प्रशिक्षण के साथ रोजगार के नए अवसर मिल सकते हैं। भविष्य में शहर को एविएशन स्किल डेवलपमेंट के केंद्र के रूप में भी विकसित किया जा सकता है।

फेडरेशन ने कहा कि हवाई कनेक्टिविटी केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर उद्योग, व्यापार, निवेश, पर्यटन, शिक्षा और रोजगार पर पड़ता है। अधिक शहरों से सीधी उड़ानें जुड़ने से निवेशकों और औद्योगिक प्रतिनिधियों की आवाजाही आसान होगी तथा क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी।


फेडरेशन ने इंडिगो प्रबंधन से बंद हो चुकी उड़ानों को पुनः शुरू करने और जबलपुर से नियमित एवं पर्याप्त हवाई सेवाएं उपलब्ध कराने की मांग की। इसमें पुणे की सीधी उड़ान को प्राथमिकता देने का आग्रह किया गया।
बैठक में इंडिगो की ओर से प्रीतम चक्रवर्ती, अभिषेक शर्मा एवं कुंवर रावत तथा फेडरेशन की ओर से अध्यक्ष हिमांशु खरे, संयुक्त अध्यक्ष विरेन्द्र कुमार पोरवाल, उपाध्यक्ष जयदेव योगेश ताम्रकार, प्रबंध समिति सदस्य अरुण पवार एवं अशोक आनंद उपस्थित रहे