जबलपुर। साहित्य, संस्कृति और भारतीय परंपराओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रसंग अंतरराष्ट्रीय संस्था द्वारा आयोजित ‘जबलपुर की आवाज’ कार्यक्रम में प्रतिभाओं ने अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया। लोकगायन, ग़ज़ल गायन, गीत गायन, एकल काव्य पाठ और वाद-विवाद सहित पांच विधाओं में लगभग 315 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। आयोजन में साहित्य, कला और समाजसेवा के क्षेत्र में योगदान के लिए प्रसंग के संस्थापक इंजीनियर विनोद नयन को सम्मानित किया गया। वहीं, पत्रकार नितीश दुबे का भी सम्मान किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ कुमारी आरना मिश्रा की कथक नृत्य प्रस्तुति से हुआ। इसके बाद श्रीमती अर्चना गोस्वामी ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। आयोजन में विभिन्न विधाओं के प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर उपस्थित दर्शकों और निर्णायकों की सराहना प्राप्त की।
पांच विधाओं में प्रतिभाओं ने दिखाई कला
‘जबलपुर की आवाज’ प्रतियोगिता के अंतर्गत पांच विधाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को ‘जबलपुर की आवाज अवार्ड’ से सम्मानित किया गया। लोकगायन में मधु वर्मा, सुमिता बाजपेयी, कु. सृष्टि पाठक, कुंजी लाल चक्रवर्ती और लक्ष्मी साहू विजेता रहे।ग़ज़ल गायन में रत्नाभ श्रीवास्तव, विशेष मेश्राम, श्रुति चांदे, अमन बेन और प्रीति नामदेव ने पुरस्कार प्राप्त किए। गीत गायन में विशेष मेश्राम, आश्विक, प्रद्युम्न बरवे, मोहसिन खान और घनश्याम पटेल विजेता रहे।एकल काव्य पाठ में डॉ. प्रशांत मिश्रा, प्रकाश सिंह ठाकुर, डॉ. संध्या शुक्ल, कुंजी लाल चक्रवर्ती और कौशिक सेन गुप्ता ने सफलता हासिल की। वहीं, वाद-विवाद प्रतियोगिता में शब्दिता मिश्रा, बेबी पटेल, रीना सिंह, जया सामरेकर और डॉ. विजेन्द्र उपाध्याय विजेता रहे।अन्य सभी प्रतिभागियों को ‘जबलपुर की आवाज सम्मान पत्र’ प्रदान कर सम्मानित किया गया।
अतिथियों ने की आयोजन की सराहना
कार्यक्रम में मंचासीन अतिथियों के रूप में डॉ. अनामिका तिवारी, उज्ज्वल शुक्ला, डॉ. वीरेंद्र चौबे, आनंद मनोध्याय, के.के. नायकर, भागीरथ शर्मा और इरफान झांस्वी उपस्थित रहे।अतिथियों ने कहा कि साहित्यिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज को भारतीय संस्कृति, परंपराओं और मूल्यों से परिचित कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। प्रसंग संस्था की यह पहल सराहनीय है, क्योंकि इससे स्थानीय प्रतिभाओं को मंच मिलने के साथ ही साहित्य और कला के प्रति लोगों की रुचि भी बढ़ती है।
साहित्य, संस्कृति, धार्मिक और आध्यात्मिक संस्थाओं के साथ समाजसेवा के क्षेत्र में किए जा रहे योगदान के लिए प्रसंग के संस्थापक इंजीनियर विनोद नयन को सम्मानित किया गया।
कवि सम्मेलन में हास्य-व्यंग्य की छाई रंगत
प्रतियोगिताओं और सम्मान समारोह के बाद अखिल भारतीय कवि सम्मेलन आयोजित किया गया। इसमें इटारसी से ब्रजकिशोर पटेल, सतना से आजाद वतन वर्मा और नागपुर से रामवृक्ष गुप्ता ‘एहसास’ सहित आमंत्रित कवियों ने अपनी प्रस्तुतियां दीं। हास्य और व्यंग्य से भरपूर रचनाओं ने श्रोताओं को खूब गुदगुदाया और सम्मेलन में तालियों की गूंज सुनाई दी।कवि सम्मेलन ने आयोजन को साहित्यिक रंग प्रदान किया। विभिन्न क्षेत्रों से आए कवियों की प्रस्तुतियों के माध्यम से श्रोताओं को हास्य, व्यंग्य और काव्य की विविध विधाओं का आनंद मिला।कार्यक्रम की विभिन्न प्रतियोगिताओं का संयोजन डॉ. मुकुल तिवारी, एडवोकेट तृप्ति त्रिवेदी, डॉ. रानू रूही, डॉ. मकबूल अली, विवेक त्रिपाठी, संजय मिश्रा, बसंत शर्मा, डॉ. विनोद बाजपेयी, डॉ. विनीता पांडेय और विनीत द्वारा किया गया।
आयोजन में राकेश खंपरिया, मृगेंद्र नारायण सिंह, अर्पिता मिश्रा, अभिमन्यु जैन, सुरेश मिश्रा ‘विचित्र’, यू.एस. दुबे, सुशील श्रीवास्तव, डॉ. शोभा सिंह, डॉ. छाया सिंह, डॉ. मंजू जारोलिया, वंदना बाजपेयी, रेखा खरे, डॉ. संध्या पाठक, सजल धगट, ममता ठाकुर, रीना सिंह, शोभा अवस्थी और एडवोकेट अरविंद सिंह गौर सहित अनेक लोगों का सहयोग रहा।प्रसंग परिवार के संयोजकों ने आयोजन को सफल बनाने में योगदान देने वाले सभी अतिथियों, प्रतिभागियों, कवियों और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया।