साइबर क्राइम, टेलीग्राम पर टास्क और फिर 43 हजार की लगा दी चपत

जबलपुर। सोशल मीडिया पर घर बैठे मोटी कमाई का झांसा देकर साइबर ठगों ने एक महिला को अपने जाल में फंसा लिया। पहले इंस्टाग्राम पर कमाई का विज्ञापन दिखाया, फिर व्हाट्सऐप और टेलीग्राम पर टास्क पूरे करवाए। भरोसा जमने के बाद रकम जमा कराने का सिलसिला शुरू हुआ और देखते ही देखते महिला के खाते से 43 हजार रुपए ट्रांसफर करा लिए गए। रकम गंवाने के बाद महिला को ठगी का अहसास हुआ और उसने गोरखपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई।

एक दिन में 8-10 हजार कमाने का दिखाया सपना

पुलिस के अनुसार रोशनी खयानी (30), निवासी माधवनगर, जिला कटनी, इन दिनों अपने मायके रामपुर चौक, सुधा विहार कॉलोनी में थी। इसी दौरान उसके मोबाइल पर इंस्टाग्राम में एक विज्ञापन आया। विज्ञापन में दावा किया गया था कि घर बैठे एक दिन में 8 से 10 हजार रुपए तक कमाए जा सकते हैं।

कमाई के लालच में रोशनी ने विज्ञापन में दिए गए लिंक के जरिए आवेदन भर दिया। इसके बाद उसके व्हाट्सऐप पर कथित कंपनी का मैसेज आया और उसे टेलीग्राम एप डाउनलोड करवाकर अलग-अलग टास्क दिए गए।

3 हजार जमा किए तो 39 हजार मिलने का झांसा

30 अगस्त की शाम करीब 7 बजे ठगों ने टास्क पूरा करने के नाम पर उससे 3 हजार रुपए जमा करने को कहा। साथ ही भरोसा दिलाया कि रकम जमा करने के बाद उसे 39 हजार रुपए वापस मिलेंगे।महिला ने यूपीआई के जरिए 3 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद जब उसने अपनी रकम निकालने की कोशिश की तो ठगों ने नया बहाना बना दिया।

पहले 10 हजार, फिर 30 हजार की मांग

ठगों ने कहा कि पैसे निकालने के लिए 10 हजार रुपए और जमा करने होंगे। महिला ने भरोसा करते हुए यह रकम भी ट्रांसफर कर दी।इसके बाद ठगों ने आखिरी दांव खेलते हुए कहा कि यदि 30 हजार रुपए जमा नहीं किए तो उसकी पूरी रकम चली जाएगी। महिला उनके झांसे में आ गई और उसने 30 हजार रुपए भी ट्रांसफर कर दिए।
इसके बाद भी जब रकम वापस नहीं मिली तो उसे समझ आ गया कि वह साइबर ठगी का शिकार हो चुकी है। ठगों ने अलग-अलग बहानों से उससे कुल 43 हजार रुपए ट्रांसफर करा लिए।ठगी का अहसास होने के बाद महिला ने गोरखपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धारा 318(4) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

साइबर ठगी का नया तरीका:
सोशल मीडिया पर पार्ट टाइम जॉब, ऑनलाइन टास्क और घर बैठे हजारों रुपए कमाने के विज्ञापन दिखाकर लोगों को फंसाया जा रहा है। पहले छोटी रकम जमा कराकर भरोसा कायम किया जाता है और बाद में बड़ी रकम ट्रांसफर कराने का दबाव बनाया जाता है।