अंगदान करने वाले नरेंद्र को दिया गया गॉर्ड ऑफ ऑनर


जबलपुर। सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल 40 वर्षीय नरेंद्र रजक (निवासी गुप्तेश्वर) को बड़ेरिया मेट्रो प्राइम हॉस्पिटल में ब्रेन डेड घोषित किए जाने के बाद उनके परिजनों ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए अंगदान का निर्णय लिया। परिजनों के इस फैसले से कई जरूरतमंद मरीजों को नया जीवन मिलने की उम्मीद है। नरेंद्र रजक के दोनों गुर्दे (किडनी), हृदय, लीवर, त्वचा और आंखों का दान किया जा रहा है। मंगलवार को नरेंद्र रजक के पार्थिव देह में बड़ेरिया हॉस्पिटल में गॉर्ड ऑफ ऑनर दिया गया| अस्पताल प्रबंधन ने अंगों को निर्धारित समय सीमा में जरूरतमंद मरीजों तक पहुंचाने के लिए विभिन्न संस्थाओं और प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित किया। इसके तहत एक किडनी बड़ेरिया मेट्रो प्राइम हॉस्पिटल में ही प्रत्यारोपित की जाएगी, जबकि दूसरी किडनी ग्रीन कॉरिडोर बनाकर जबलपुर मेडिकल कॉलेज भेजी जाएगी। वहीं हृदय और लीवर को विशेष ग्रीन कॉरिडोर के माध्यम से अहमदाबाद पहुंचाया जा रहा है।