दीपावली पर निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए एमपी ट्रांसको की अतिरिक्त सतर्कता, मेंटेनेंस टीमें और वाहन अलर्ट मोड में


जबलपुर। रोशनी के पर्व दीपावली के दौरान प्रदेश में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए मध्य प्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) ने अपनी ट्रांसमिशन लाइन मेंटेनेंस टीमों और एक्स्ट्रा हाई टेंशन (ईएचटी) सबस्टेशनों में अतिरिक्त सतर्कता बरतने की व्यवस्था की है। हालांकि एमपी ट्रांसको की मेंटेनेंस टीमें सामान्य दिनों में भी चौबीसों घंटे अलर्ट मोड में रहकर विद्युत पारेषण व्यवस्था की निगरानी और रखरखाव करती हैं, लेकिन दीपावली के अवसर पर संभावित पीक लोड को देखते हुए विशेष इंतजाम किए गए हैं।
प्रदेश में एमपी ट्रांसको के 37 ट्रांसमिशन लाइन मेंटेनेंस मुख्यालय, 12 डिवीजन और 4 ट्रांसमिशन लाइन मेंटेनेंस सर्कल कार्यरत हैं। सभी 37 मेंटेनेंस मुख्यालयों में सहायक अभियंता स्तर के अधिकारी उपलब्ध रहेंगे। वहीं, प्रदेश के सभी 418 एक्स्ट्रा हाई टेंशन सबस्टेशनों में पीक लोड अवधि के दौरान कम से कम जूनियर इंजीनियर स्तर के अधिकारी की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी।

मेंटेनेंस टीमों के लिए आवश्यक सामग्री की व्यवस्था……

आवश्यकता पड़ने पर त्वरित कार्रवाई के लिए सबस्टेशनों के बीच पूल व्हीकल की व्यवस्था की गई है, जिनमें मेंटेनेंस टीमें उपलब्ध रहेंगी। इन वाहनों के माध्यम से जरूरत वाले स्थान पर टीम को न्यूनतम समय में पहुंचाया जा सकेगा। ट्रांसमिशन लाइन मेंटेनेंस के सभी वाहन भी अलर्ट मोड में रहेंगे। इनमें आवश्यक मेंटेनेंस सामग्री उपलब्ध रहेगी, ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति में तत्काल सुधार कार्य शुरू किया जा सके।

मुख्यालय में तैनात रहेंगे वरिष्ठ अधिकारी………

विद्युत पारेषण व्यवस्था की क्षेत्रीय निगरानी के लिए 220 केवी सबस्टेशनों को भी मॉनिटरिंग व्यवस्था से जोड़ा गया है। इसके साथ ही एमपी ट्रांसको के मुख्यालय जबलपुर से प्रदेशभर की पारेषण व्यवस्था की सतत निगरानी की जाएगी। जबलपुर स्थित स्काडा कंट्रोल सेंटर और स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर (एसएलडीसी) में वरिष्ठ अधिकारी तैनात रहकर विद्युत पारेषण एवं लोड की स्थिति पर नजर रखेंगे। इस बहुस्तरीय निगरानी व्यवस्था के माध्यम से किसी भी संभावित व्यवधान पर तत्काल संज्ञान लेकर आवश्यक कार्रवाई की जा सकेगी।