नगर निगम में नियम विरुद्ध कर समायोजन का आरोप, जांच समिति गठित


जबलपुर। नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच सहित अन्य जन संगठनों ने नगर निगम में बकायादारों की संपत्तिकर और जल कर की राशि के समायोजन के नाम पर करोड़ों रुपए के घोटाले का मामला उठाया है| इस मामले में जनसंगठनों के प्रतिनिधि मंडलों ने महापौर से भेंट की और पूरे मामले से अवगत कराया| महापौर ने मामले की जांच के लिए समिति गठित करने और 10 दिन के अंदर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए है| साथ ही पुलिस विभाग को पत्र लिखकर दोषियों पर एफआईआर कराने की भी बात कही है| नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के अध्यक्ष डॉ.पीजी नाजपांडे ने आरोप लगाया है कि लाखों रुपए के एक नहीं हजारों बकायादारों से 25 प्रतिशत राशि जमा कराने के बाद शेष राशि समायोजित कर दी| इससे नगर निगम को करोड़ो रुपए का नुकसान हुआ| इस मामले में खास बात यह है कि नगर निगम अधिनियम के विपरीत जाकर यह काम किया गया| किसी भी विभाग का अधिकारी कर्मचारी दूसरे संभाग में हस्तक्षेप नहीं कर सकता| लेकिन नियमों की अनदेखी कर संभागीय अधिकारी या आरआई की आईडी से दूसरे वार्डो के करो का भी समायोजन कर दिया गया|
प्रतिनिधि मंडल ने जब महापौर जगत बहादुर सिंह “अन्नू” से मुलाकात कर इस घोटाले पर कार्रवाई की मांग की, तब महापौर ने यह घोषणा की कि नगर निगम में टैक्स समायोजन के नाम पर हुए कथित घोटाले की जाँच हेतु आज ही समिति का गठन किया जायेगा, उक्त समिति को 10 दिनों के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिये जायेंगे। उन्होंने बताया कि आज ही पुलिस विभाग को पत्र लिखकर दोषियों पर एफ.आई.आर. दायर करने को कहा जायेगा।
इसके पूर्व में नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच, भारतीय वरिष्ठ नागरिक एसोसिएशन, महिला समिति, मानव अधिकार क्रांति संगठन तथा पेंशनर समाज ने महापौर से मुलाकात कर समायोजन घोटाले संबंधी ज्ञापन सौंपा।

गोहलपुर पुलिया चौड़ीकरण कार्य की लागत बढ़ी……..

इस अवसर पर प्रतिनिधि मंडल ने गोहलपुर पुलिया चौड़ीकरण का काम बंद होने का भी मुद्दा उठाया| इस पर महापौर ने जानकारी दी कि इस पुलिया की ड्राईंग डिजाईन को अनुमोदन के लिए शासकीय जबलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज भेजा गया है, संभवतः 2 या 3 दिनों के भीतर अनुमोदन किया जायेगा, लिहाजा तत्पश्चात अगले सप्ताह से गोहलपुर पुलिया चौड़ीकरण का कार्य शुरू हो जायेगा। उन्होंने बताया कि नई डिजाईन के कारण लगभग 71 लाख का खर्चा बढ़ गया है, जिसकी अनुमति प्रदान कर दी गई है।
प्रतिनिधि मंडल में टी. के. रायघटक, डी. के. सिंह, संतोष श्रीवास्तव, सुशीला कनौजिया, गीता पाण्डे, एड. वेदप्रकाश अधौलिया, डी. आर. लखेरा, अर्जुन कुमार परीड़ा, एड.जी.एस. सोनकर, मोहन श्रीवास्तव, टी. एस. राजपूत, अब्दुल रहमान, यशवंत कोष्टा, कल्पना जोगेश्वर, मनीषा अग्रहरि, पंकज मेहता, नीरज नगाईय, एड. ब्रजेश साहू आदि उपस्थित थे।