बिना अनुमति तेज आवाज में डीजे बजाने वालों पर कार्रवाई


जबलपुर। जिला दंडाधिकारी के आदेश का उल्लंघन कर बिना प्रशासनिक अनुमति तेज आवाज में डीजे बजाने के मामलों में गौरीघाट और मदनमहल पुलिस ने कार्रवाई की है। दोनों थाना क्षेत्रों में डीजे संचालकों के खिलाफ धारा 223 बीएनएस और मध्यप्रदेश कोलाहल अधिनियम की धारा 7/15 के तहत प्रकरण दर्ज किए गए हैं।


गौरीघाट पुलिस के अनुसार, बादशाह हलवाई मंदिर, इंद्रपुरी निवासी प्रतीक रावत ने शिकायत दर्ज कराई थी कि मंदिर के पास नवरात्रि के दौरान शिवकला मंदिर मां शारदा परिवार समिति के संचालक प्रवीण उर्फ गुड्डू अहिरवार ने शारदा माता की प्रतिमा स्थापित की थी। प्रतिमा विसर्जन के दौरान पड़ाव वाली काली माता की प्रतिमा भटोली कुंड की ओर जा रही थी।

उसके स्वागत के लिए मंदिर के सामने रात करीब नौ बजे मंच बनाया गया था, जहां डीजे विजय के संचालक सोनू रैदास द्वारा आठ स्पीकर बॉक्स लगाकर तेज आवाज में गाने बजाए जा रहे थे। शिकायतकर्ता के मुताबिक, तेज आवाज में डीजे बजने के कारण बड़ी संख्या में लोग सड़क पर रुककर नाचने-गाने लगे। इससे आवागमन बाधित हुआ और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रात करीब एक बजे दुकान बंद कर घर जाते समय उसे भी सड़क पार करने में दिक्कत हुई।

पुलिस की जांच में सामने आया कि समिति संचालक प्रवीण उर्फ गुड्डू अहिरवार ने डीजे संचालक सोनू रैदास से बिना प्रशासनिक अनुमति आठ स्पीकर लगवाकर डीजे बजवाया था। इस पर दोनों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की गई।


इसी तरह मदनमहल थाना क्षेत्र में 25 और 26 अक्टूबर की दरमियानी रात मदनमहल चौराहे पर मूर्ति विसर्जन चल समारोह के दौरान पावर जोन डीजे संचालक द्वारा वाहन में ध्वनिविस्तारक यंत्र लगाकर तेज आवाज में डीजे बजाया जा रहा था।

पुलिस के अनुसार, रात 10 बजे के बाद बिना प्रशासनिक अनुमति डीजे बजने से आम नागरिकों को परेशानी हुई। जिला दंडाधिकारी के आदेश का उल्लंघन पाए जाने पर पावर जोन डीजे संचालक के विरुद्ध भी धारा 223 बीएनएस और मध्यप्रदेश कोलाहल अधिनियम की धारा 7/15 के तहत कार्रवाई की गई।