कैंसरजनक खरपतवार नाशक पैराक्वाट पर प्रतिबंध, भारतीय किसान संघ ने किया स्वागत, स्वास्थ्य की दिशा में बड़ा कदम


जबलपुर। भारतीय किसान संघ ने केंद्र सरकार द्वारा खरपतवार नाशक पैराक्वाट डाइक्लोराइड पर लगाए गए प्रतिबंध का स्वागत करते हुए इसे किसानों, उपभोक्ताओं और पर्यावरण के हित में ऐतिहासिक निर्णय बताया है। संघ ने इस फैसले के लिए केंद्र सरकार और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का आभार व्यक्त किया है। भारतीय किसान संघ के अखिल भारतीय महामंत्री मोहिनी मोहन मिश्र ने कहा कि पैराक्वाट डाइक्लोराइड को स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक माना जाता है और इसे कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से भी जोड़ा जाता रहा है। ऐसे में इस रसायन पर प्रतिबंध किसानों और आम नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि संघ लंबे समय से जहरमुक्त खेती, प्राकृतिक कृषि और स्वावलंबी गांव की अवधारणा पर कार्य कर रहा है और यह निर्णय उसी दिशा में एक बड़ी पहल है। संघ के प्रचार प्रमुख राघवेन्द्र सिंह पटेल ने बताया कि पैराक्वाट डाइक्लोराइड का उपयोग विशेष रूप से मूंग सहित कई फसलों में खरपतवार नियंत्रण और फसल सुखाने के लिए तेजी से बढ़ा था, जिससे खाद्य सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं भी सामने आने लगी थीं। उन्होंने कहा कि प्रतिबंध से प्राकृतिक और जैविक खेती को बढ़ावा मिलेगा तथा रासायनिक खेती पर निर्भरता कम होगी।
भारतीय किसान संघ ने केंद्र सरकार से ग्लाइफोसेट जैसे अन्य विवादित खरपतवार नाशकों की भी वैज्ञानिक समीक्षा कर आवश्यक कदम उठाने की मांग की है। संघ का कहना है कि सुरक्षित खेती और स्वस्थ समाज के लिए हानिकारक रसायनों के उपयोग पर प्रभावी नियंत्रण जरूरी है।