जर्जर पाईप लाईनों को बदलने 7 दिनों में बनेगी डी.पी.आर, महापौर ने जनसंगठनों को आश्वस्त किया

जबलपुर | शहर में नाली-नालों से गुजर रहीं 80 प्रतिशत पाईप लाईनें तथा जर्जर और टूटी-फूटी लाईनों को तत्काल चिन्हित कर उन्हें बदलने या हटाने हेतु डी.पी. आर. 7 दिनों के भीतर बनाया जायेगा।
म.प्र. सरकार ने समूचे मध्य प्रदेश के लिये पीने के पानी की व्यवस्था हेतु 50 करोड़ रूपये आवंटित किये हैं। अतः बनाये गये डी.पी.आर. के आधार पर इन 50 करोड़ रूपये में से ज्यादा से ज्यादा राशि जबलपुर को मिले इस हेतु मांग तत्काल म.प्र. सरकार के समक्ष रखी जायेगी।
यह घोषणा महापौर जगत बहादुर सिंह ‘अन्नू’ ने जनसंगठनों के प्रतिनिधियों द्वारा सौंपे गये ज्ञापन पर की है।

47 प्रतिशत पानी पीने योग्य नहीं……………..


नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के अध्यक्ष डॉ.पी.जी. नाजपांडे ने बताया कि इस वर्ष के बजट में इंदौर, भोपाल, उज्जैन को पीने के पानी की व्यवस्था के लिये अतिरिक्त राशियां दी गई है। उज्जैन को अतिरिक्त 1133 करोड़ दिये गये हैं। किंतु जबलपुर के लिये अतिरिक्त राशि की घोषणा नहीं की गई है। जबकि जल जीवन मिशन के सर्वे में पाया गया कि जबलपुर में सप्लाई हो रहा 47 प्र.श. पानी पीने योग्य नहीं है।

वित्तमंत्री से अतिरिक्त राशि मांगी जायेगी…………


महापौर जगत बहादुर सिंह ‘अन्नू’ ने घोषणा की कि 2-3 दिनों के भीतर इंदौर, भोपाल, उज्जैन की तर्ज पर जबलपुर के लिये भी अतिरिक्त राशि मांगी जायेगी। यह राशियां समूचे म.प्र. के लिये आवंटित 50 करोड़ के अतिरिक्त होगी।
इस अवसर पर एड. वेदप्रकाश अधौलिया, टी. के. रायघटक, डी.पी. सिंह, संतोष श्रीवास्तव तथा पी.एस. राजपूत उपस्थित थे।