विभाजन की त्रासदी के घाव कभी नहीं भरेंगे

शहीदी दिवस समागम

जबलपुर / *भारत पाक* विभाजन के दौरान 1947 में हुए लाखों ज्ञात अज्ञात शहीदों की पुण्य स्मृति में गुरुद्वारा गुरुवाणी प्रचार सभा हाथीताल में धन पोठोहार बिरादरी की सरपरस्ती में आयोजित शहीदी दिवस समागम में शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि विभाजन की त्रासदी के घाव कभी नहीं भरेंगे। लगभग डेढ़ करोड़ लोगों को पलायन करना पड़ा और 20 लाख से अधिक लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा । बड़ी संख्या में महिलाओं के साथ ज्यादती और अत्याचार हुए । तख्त श्री सचखंड हुजूर साहिब नांदेड़,महाराष्ट्र के हुजूरी रागी जत्था भाई श्याम सिंह ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी में अंकित गुरुवाणी शबद “जिस मरने ते जग डरे, मेरे मन आनंद, मरने ते ही पाइये पूर्ण परमानन्द”, का सरस गायन कर साध संगत को रसविभोर किया। धर्म प्रचारक भाई कर्मवीर सिंह, प्राचार्य गुरमत विद्यालय, बंडोल,ने कहा कि गुरुनानक देव जी के जन्मस्थल श्री ननकाना साहिब सहित सैकड़ों धार्मिक और सामाजिक स्थल पाकिस्तान में छूट गये, जिसे कभी विस्मृत नहीं किया जा सकता। रागी भाई सतनाम सिंह, जरनैल सिंह सहित अनेक विद्वतजननों ने शबद कीर्तन पेश किये । गुरु का लंगर दिनभर वितरित किया गया । इस अवसर पर पूर्व मंत्री हरेंद्र जीत सिंह बब्बू, गोरखपुर सीएसपी एम. डी. नागोतिया, टी आई नितिन कमल सहित विभिन्न सेवादारों को सिरोपा और शाल प्रदान कर सम्मानित किया गया। प्रधान साहब प्रहलाद सिंह बिंद्रा ने आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन ज्ञानी फुलबीर सिंह फूल ने किया।आयोजन प्रबंधक कमेटी एवं सेवादारों का अतुलनीय योगदान रहा।

गुरुद्वारा गोरखपुर में आयोजित कीर्तन दरबार में रागी जत्था भाई श्याम सिंह जी, श्री हुजूर साहिब, नांदेड़, महाराष्ट्र एवं भाई बलजीत सिंह एवं साजिंदे साथियों ने रसभीना गुरुवाणी शबद कीर्तन पेश किया । प्रधान राजिंदर सिंह छाबड़ा ने आभार प्रकट किया। समापन के उपरांत गुरु का लंगर वितरित किया गया ।