जबलपुर। शुक्रवार 4 सितंबर को पनागर के भरदा गांव से लगी द्वारिका परिसर टाउनशिप में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब लोगों ने पानी से भरे एक प्लॉट में करीब 3 से 4 फीट लंबा मगरमच्छ देखा। मगरमच्छ दिखाई देने की खबर फैलते ही आसपास के लोगों की भीड़ जमा हो गई और दहशत का माहौल बन गया।
सूचना मिलते ही वन विभाग की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई, लेकिन प्लॉट में करीब चार से पांच फीट पानी भरा होने के कारण मगरमच्छ पानी के अंदर चला गया। ऐसे में गहरे पानी में उतरकर रेस्क्यू करना वन विभाग के नियमों और सुरक्षा मानकों के विपरीत होने के कारण फिलहाल रेस्क्यू रोक दिया गया है।
मौके पर रेस्क्यू टीम तैनात…..
पनागर परिक्षेत्र के रेंजर सौरभ शर्मा ने बताया कि प्लॉट में चार से पांच फीट तक पानी भरा होने के कारण मगरमच्छ ऊपर नहीं आया। ऐसी स्थिति में पानी के भीतर जाकर मगरमच्छ का रेस्क्यू करना जोखिम भरा होने के साथ नियमों के विपरीत है।
उन्होंने बताया कि संभावना है कि मगरमच्छ का बच्चा परियट जलाशय की ओर से पानी के रास्ते बहकर पहुंचा होगा। फिलहाल टीम मौके पर तैनात है और जैसे ही प्लॉट का पानी कम होगा या मगरमच्छ बाहर आएगा, उसे सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू कर लिया जाएगा।
रेस्क्यू के बाद मगरमच्छ को उसके प्राकृतिक आवास के अनुकूल सुरक्षित जलाशय में छोड़ने की कार्रवाई की जाएगी।
मुनादी कराकर ग्रामीणों को किया गया अलर्ट………
मगरमच्छ की मौजूदगी को देखते हुए वन विभाग ने आसपास के लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी है। सरपंच के माध्यम से गांव में मुनादी भी कराई गई है। लोगों से पानी से भरे क्षेत्र में जाने और मगरमच्छ के नजदीक पहुंचने से बचने को कहा गया है। क्षेत्र में कई रिहायशी मकान होने के साथ बच्चे भी आसपास खेलते हैं, इसलिए वन विभाग ने विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस को भी स्थिति से अवगत कराते हुए क्षेत्र में सतर्कता बढ़ाई गई है। वन विभाग की रेस्क्यू टीम फिलहाल मौके पर नजर बनाए हुए है। पानी का स्तर कम होते ही मगरमच्छ को सुरक्षित पकड़ने की कार्रवाई की जाएगी।