ब्रांडेड समझकर खरीद रहे थे नकली चप्पल,, दो थोक कारोबारियों स 592 जोड़ी स्लाइडर्स जब्त

जबलपुर। शहर में नामी ब्रांड पूमा के नाम पर नकली स्लाइडर्स बेचने का खेल पुलिस ने उजागर किया है। कोतवाली पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर छापेमार कार्रवाई कर दो थोक फुटवेयर कारोबारियों के कब्जे से 592 जोड़ी नकली स्लाइडर्स बरामद की हैं। जब्त माल की कीमत करीब 1.77 लाख रुपए आंकी गई है। दोनों आरोपियों के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है।पुलिस के मुताबिक, नई दिल्ली की एक लॉ फर्म के जांच अधिकारी मयंक शर्मा ने शिकायत की थी कि जबलपुर के कुछ फुटवेयर कारोबारी पूमा कंपनी के नाम और ट्रेड ड्रेस से मिलती-जुलती नकली चप्पलें बाजार में बेच रहे हैं। इससे ग्राहकों को भ्रमित किया जा रहा है और कंपनी की प्रतिष्ठा को भी नुकसान पहुंच रहा है।
शिकायत की पुष्टि होने के बाद कोतवाली पुलिस ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया कोतवाली थाना प्रभारी मानस द्विवेदी ने बताया कि
सबसे पहले तुलाराम चौक स्थित मैडम फुटवेयर पर दबिश दी गई। यहां संचालक 33 वर्षीय पंकज खत्री के पास से पूमा ब्रांड जैसी दिखने वाली 284 जोड़ी नकली स्लाइडर्स बरामद हुईं। इसके बाद जामा मस्जिद के पीछे अंधेरदेव स्थित आर.के. फुटवेयर पर छापा मारकर संचालक 50 वर्षीय आवेद अली के कब्जे से 308 जोड़ी नकली स्लाइडर्स जब्त की गईं।
दोनों दुकानों से कुल 592 जोड़ी नकली स्लाइडर्स, जिनकी अनुमानित कीमत 1 लाख 77 हजार 600 रुपए है, जब्त कर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम की धारा 51 एवं 63 के तहत मामला दर्ज किया है।

अब सप्लाई चेन भी जांच के दायरे में

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि नकली स्लाइडर्स को असली ब्रांड जैसा रूप देकर बाजार में खपाया जा रहा था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन चप्पलों का निर्माण कहां हुआ और इन्हें जबलपुर तक पहुंचाने वाले नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। आने वाले दिनों में इस मामले में और कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।