बालाघाट में सहकारिता निरीक्षक और नरसिंहपुर में रीडर रिश्वत लेते पकड़ाए


जबलपुर। जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने संभाग के बालाघाट व नरसिंहपुर में कार्रवाई करते हुए दो रिश्वतखोर को रंगे हाथों पकड़ा| नरसिंहपुर में सहकारिता निरीक्षक को उपायुक्त सहकारिता कार्यालय में 3 हजार की रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया, उन्होंने सहायक प्रबंधक समिति सिमरिया तहसील गोटेगांव के कर्मचारियों का अक्टूबर नवंबर का वेतन निकालने के बदले में तीन हजार रिश्वत की मांग की थी, इसी तरह बालाघाट में नायब तहसीलदार के रीडर ने केस खत्म करने के बदले मलाजखंड बालाघाट निवासी संतोष डेकवार से 3 हजार की रिश्वत मांगी|

लोकायुक्त एसपी अंजुलता पटले ने बताया कि बिरसा बालाघाट में नायब तहसीलदार कार्यालय में पदस्थ रीडर राजकुमार रामटेके ने आवेदक संतोष डेकवार के खिलाफ चल रहे धारा 126,135(3) बीएनएस के तहत प्रकरण को खत्म करने के बदले में रिश्वत में तीन हजार रुपए मांगे थे| शिकायत सत्यापन के बाद लोकायुक्त ने ट्रेप किया। आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन)2018 की धारा-7,13(1)बी, 13(2) के अंतर्गत कार्यवाही की जा रही है।
ट्रेप दल में निरीक्षक बृजमोहन सिंह नरवरिया, ट्रेप कर्ता निरीक्षक जितेंद्र यादव एवं लोकायुक्त जबलपुर का दल शामिल था।

वेतन निकालने के बदले रिश्वत मांगी………..

इसी प्रकार नरसिंहपुर के उपायुक्त सहकारिता कार्यालय में पदस्थ आरोपी सहकारिता निरीक्षक संजय दुबे को 3 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया| आवेदक देवी तिवारी सहायक प्रबंधक समिति सिमरिया तहसील गोटेगांव ने शिकायत की थी कि, समिति के कर्मचारियों का अक्टूबर, नवंबर माह का वेतन निकालने के बदले में तीन हजार रुपए की मांग की गई थी, शिकायत सत्यापन के बाद जबलपुर से गई लोकायुक्त की टीम में शामिल निरीक्षक राहुल गजभिए, दल प्रभारी निरीक्षक शशिकला मस्कुले, एवं अन्य स्टॉफ ने रंगे हाथो ट्रैप किया|