PWD के इंजीनियर के ठिकानों पर EOW का छापा, 11 करोड़ की अनुपातहीन संपत्ति का खुलासा

बालाघाट । लोक निर्माण विभाग के बालाघाट में पदस्थ कार्यपालन यंत्री कमल किशोर सिंगारे के खिलाफ आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने गुरुवार सुबह बड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ छिंदवाड़ा, बालाघाट और भोपाल स्थित उनके आवास एवं परिसरों पर छापेमारी की। सुबह करीब 6 बजे शुरू हुई कार्रवाई में अब तक आरोपी अधिकारी और उनके परिजनों के नाम से करीब 11 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति सामने आने का दावा किया गया है। EOW की जांच अभी जारी है और अधिकारियों के मुताबिक तलाशी में और संपत्तियों, बैंक खातों तथा लॉकरों का खुलासा हो सकता है।

भ्रष्टाचार की शिकायत के सत्यापन के बाद FIR

EOW के मुताबिक कमल किशोर सिंगारे के खिलाफ भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों रुपये की अनुपातहीन संपत्ति अर्जित करने की शिकायत मिली थी। शिकायत के सत्यापन में आरोप प्रथमदृष्टया सही पाए जाने के बाद उनके खिलाफ अपराध क्रमांक 0/26, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(बी) और 13(2) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।

छिंदवाड़ा में मकान से लेकर शॉपिंग कॉम्प्लेक्स तक

छिंदवाड़ा स्थित आवास की तलाशी में EOW को जमीन और मकान की अनुमानित कीमत करीब 3 करोड़ रुपये, 7.50 लाख रुपये नकद, करीब एक करोड़ रुपये के घरेलू सामान की इन्वेंट्री और 350 ग्राम सोने के आभूषण, जिनकी अनुमानित कीमत 52 लाख रुपये बताई गई है, मिले हैं।

इसके अलावा महिंद्रा XUV 700 करीब 22 लाख रुपये, महिंद्रा स्कॉर्पियो करीब 27 लाख रुपये और तीन मोटरसाइकिल करीब 4 लाख रुपये कीमत की बताई गई हैं। छिंदवाड़ा में ही करीब 1.50 करोड़ रुपये का शॉपिंग कॉम्प्लेक्स भी जांच के दायरे में आया है।

फार्म हाउस पर भी करोड़ों का निवेश

जांच में छिंदवाड़ा स्थित फार्म हाउस भी सामने आया है। प्रेस नोट के अनुसार जमीन और फार्म हाउस निर्माण पर करीब 2 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। वहां महिंद्रा ट्रैक्टर करीब 8 लाख रुपये, ट्रॉली 1.50 लाख रुपये और करीब 5 लाख रुपये के कृषि उपकरण भी मिले हैं। फार्म हाउस की तलाशी अभी जारी बताई गई है।

भोपाल में भी दो करोड़ की जमीन-मकान

भोपाल स्थित आवास की तलाशी में जमीन एवं मकान की अनुमानित कीमत करीब 2 करोड़ रुपये बताई गई है। इसके अलावा करीब 3.50 लाख रुपये के घरेलू सामान की इन्वेंट्री भी दर्ज की गई है। बालाघाट स्थित शासकीय आवास से भी 2.50 लाख रुपये नकद मिलने की जानकारी प्रेस नोट में दी गई है।

12 बैंक खातों ने बढ़ाई जांच की परत

EOW की कार्रवाई में आरोपी और उनके परिजनों के नाम से विभिन्न बैंकों में संचालित 12 खातों की जानकारी भी सामने आई है। इन खातों में जमा रकम का विवरण जुटाया जा रहा है। इसके अलावा आवास से मिले दस्तावेज, आभूषण, बैंक खातों और नकदी की जांच जारी है।

अभी तस्वीर बाकी, और संपत्ति मिलने की संभावना

EOW के मुताबिक अब तक की कार्रवाई में करीब 11 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति उजागर हुई है, लेकिन तलाशी और दस्तावेजों की जांच अभी पूरी नहीं हुई है। जांच एजेंसी ने संभावना जताई है कि कार्रवाई आगे बढ़ने पर और अधिक संपत्तियां सामने आ सकती हैं।

तीन शहरों में एक साथ हुई इस कार्रवाई ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारी की संपत्तियों और वित्तीय लेनदेन को लेकर जांच का दायरा बढ़ा दिया है। अब EOW की नजर उन दस्तावेजों और बैंक खातों पर है, जिनसे यह पता लगाया जा सकेगा कि इतनी बड़ी संपत्ति अर्जित करने के पीछे आय के स्रोत क्या रहे हैं और घोषित आय के मुकाबले संपत्ति का वास्तविक अनुपात कितना है।