जबलपुर में पुलिस की देर रात कॉम्बिंग गश्त, 223 वारंट तामील

जबलपुर। जिले में अपराधों की रोकथाम और कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर पुलिस ने देर रात व्यापक कॉम्बिंग गश्त अभियान चलाया। 29 अगस्त की रात 9 बजे से 30 अगस्त की रात 2 बजे तक चले अभियान में पुलिस ने जिलेभर में दबिश देकर लंबे समय से फरार आरोपियों और वारंटियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की।अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने कई वर्षों से फरार 99 गैर जमानती वारंटियों, 69 गिरफ्तारी वारंट और 55 जमानती वारंट तामील किए। इस तरह कुल 223 वारंट तामील किए गए। पकड़े गए अधिकांश आरोपी लंबे समय से पुलिस से बचते फिर रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।

अवैध शराब के खिलाफ भी कार्रवाई

कॉम्बिंग गश्त के दौरान पुलिस टीमों ने अवैध शराब के कारोबार में लिप्त लोगों के ठिकानों पर भी दबिश दी। कार्रवाई में 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इनके कब्जे से 16 लीटर कच्ची शराब और 416 पाव देशी एवं अंग्रेजी शराब बरामद कर जब्त की गई।

चाकू लेकर घूम रहे 5 आरोपी पकड़े

पुलिस ने सार्वजनिक स्थानों पर अवैध हथियार लेकर घूमने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की। अभियान के दौरान चाकू लेकर घूम रहे 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 5 चाकू बरामद किए गए।

थानेवार बनाई गईं पुलिस की टीमें

पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर शहर और देहात के सभी थाना क्षेत्रों में कॉम्बिंग गश्त के लिए पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की अलग-अलग टीमें गठित की गई थीं। एक टीम का नेतृत्व थाना प्रभारी द्वारा किया गया, जबकि अन्य टीमों की जिम्मेदारी उप निरीक्षक और सहायक उप निरीक्षक स्तर के अधिकारियों को सौंपी गई थी।

अभियान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर आयुष जाखड़, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपराध जितेन्द्र सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जोन-2 पल्लवी शुक्ला, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जोन-4 अंजना तिवारी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुख्यालय सूर्यकांत शर्मा और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात अखिलेश तिवारी सहित नगर पुलिस अधीक्षकों, उप पुलिस अधीक्षकों एवं एसडीओपी के मार्गदर्शन में चलाया गया।

रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर भी चेकिंग

कॉम्बिंग गश्त के दौरान पुलिस ने सक्रिय गुंडे-बदमाशों की भी जांच की। देर रात आने-जाने वाले लोगों को रोककर पूछताछ की गई। इसके अलावा रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और मुसाफिरखानों में संदिग्ध व्यक्तियों तथा वाहनों की चेकिंग की गई।

पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय ने कहा कि इस कार्रवाई का उद्देश्य जनता में सुरक्षा की भावना पैदा करना और कानून का पालन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से कानून से बचते फिर रहे आरोपियों को पकड़ना जरूरी था। अपराध और अपराधियों पर अंकुश लगाने के लिए इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।