फर्जी देयकों के माध्‍यम से निजी फर्म को भुगतान के प्रकरण में कलेक्‍टर ने किया स्‍टोर कीपर निलंबित

जांच रिपोर्ट अग्रिम कार्यवाही के लिए भेजा भोपाल

जबलपुर-कलेक्‍टर राघवेन्‍द्र सिंह ने मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयक लगाकर भुगतान किये जाने के प्रकरण में दोषी पाये जाने पर स्‍टोर कीपर का दायित्‍व संभाल रहे फार्मासिस्‍ट नीरज कौरव को तत्‍काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है तथा निलंबन काल में उनका मुख्‍यालय सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र कुंडम नियत किया है।

कलेक्‍टर श्री सिंह ने इसी मामले में संविदा आधार पर नियुक्‍त जिला कार्यक्रम प्रबंधक आदित्‍य तिवारी एवं फार्मासिस्‍ट जवाहर लोधी को मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी कार्यालय से हटाकर जांच पूरी होने तक सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सिहोरा में पदस्‍थ किया है। संविदा आधार पर इन दोनों कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही का प्रस्‍ताव डायरेक्‍टर एनएचएम को भेजा गया है।

एक अन्य आदेश में कलेक्‍टर राघवेन्‍द्र सिंह ने जिला चिकित्‍सालय में पदस्‍थ नोडल एनसीडी डॉ. सारिका को वर्तमान कार्यों के साथ-साथ जांच पूरी होने तक अथवा वैकल्‍पिक व्‍यवस्‍था होने तक अस्‍थाई रूप से जिला कार्यक्रम प्रबंधक का दायित्‍व सौंपा है।

ज्ञात हो कि कलेक्‍टर श्री सिंह द्वारा मुख्‍य चिकित्‍सा अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयकों के माध्‍यम से साईनेज निर्माण तथा स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सामग्री के नाम से भोपाल की निजी कंपनी को बिना सामग्री प्राप्त हुये भुगतान किये जाने की शिकायतें प्राप्‍त होने पर डिप्‍टी कलेक्‍टर रघुवीर सिंह मरावी के नेतृत्‍व में जांच दल गठित किया था। जांच में पाया गया था 12 फर्जी देयकों के माध्‍यम से भोपाल की सिंह एंटरप्राइजे़ज को साइनेज एवं स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सामग्री के नाम से 93 लाख 04 हजार 998 रूपये का भुगतान किया जा चुका है। जबकि, भौतिक रूप से यह सामग्री प्राप्‍त ही नहीं हुई थी। जांच रिपोर्ट को आगे की कार्यवाही के लिए डायरेक्‍टर एनएचएम भोपाल को प्रेषित कर दिया गया है।

*फर्जी देयकों के माध्‍यम से निजी फर्म को भुगतान के प्रकरण में कलेक्‍टर ने किया स्‍टोर कीपर निलंबित*

*जिला कार्यक्रम प्रबंधक और फार्मासिस्‍ट को सीएमएचओ कार्यालय से हटाया*
जबलपुर-कलेक्‍टर राघवेन्‍द्र सिंह ने मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयक लगाकर भुगतान किये जाने के प्रकरण में दोषी पाये जाने पर स्‍टोर कीपर का दायित्‍व संभाल रहे फार्मासिस्‍ट नीरज कौरव को तत्‍काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है तथा निलंबन काल में उनका मुख्‍यालय सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र कुंडम नियत किया है।

कलेक्‍टर श्री सिंह ने इसी मामले में संविदा आधार पर नियुक्‍त जिला कार्यक्रम प्रबंधक आदित्‍य तिवारी एवं फार्मासिस्‍ट जवाहर लोधी को मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी कार्यालय से हटाकर जांच पूरी होने तक सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सिहोरा में पदस्‍थ किया है। संविदा आधार पर इन दोनों कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही का प्रस्‍ताव डायरेक्‍टर एनएचएम को भेजा गया है।

एक अन्य आदेश में कलेक्‍टर राघवेन्‍द्र सिंह ने जिला चिकित्‍सालय में पदस्‍थ नोडल एनसीडी डॉ. सारिका को वर्तमान कार्यों के साथ-साथ जांच पूरी होने तक अथवा वैकल्‍पिक व्‍यवस्‍था होने तक अस्‍थाई रूप से जिला कार्यक्रम प्रबंधक का दायित्‍व सौंपा है।

ज्ञात हो कि कलेक्‍टर श्री सिंह द्वारा मुख्‍य चिकित्‍सा अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयकों के माध्‍यम से साईनेज निर्माण तथा स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सामग्री के नाम से भोपाल की निजी कंपनी को बिना सामग्री प्राप्त हुये भुगतान किये जाने की शिकायतें प्राप्‍त होने पर डिप्‍टी कलेक्‍टर रघुवीर सिंह मरावी के नेतृत्‍व में जांच दल गठित किया था। जांच में पाया गया था 12 फर्जी देयकों के माध्‍यम से भोपाल की सिंह एंटरप्राइजे़ज को साइनेज एवं स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र सामग्री के नाम से 93 लाख 04 हजार 998 रूपये का भुगतान किया जा चुका है। जबकि, भौतिक रूप से यह सामग्री प्राप्‍त ही नहीं हुई थी। जांच रिपोर्ट को आगे की कार्यवाही के लिए डायरेक्‍टर एनएचएम भोपाल को प्रेषित कर दिया गया है।