40 हजार की रिश्वत लेते पनागर नगर परिषद का उपयंत्री ट्रैप, ठेकेदार से मांग रहा था रिश्वत, लोकायुक्त ने कार्यालय में दबोचा


जबलपुर। नगर परिषद पनागर में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने मंगलवार को नगर परिषद पनागर के उपयंत्री शुभम जैन को 40 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी उपयंत्री ठेकेदार से लंबित भुगतान और फिक्स डिपॉजिट की राशि जारी करने के एवज में रिश्वत मांग रहा था।
लोकायुक्त एसपी अंजुलता पटले के अनुसार जबलपुर निवासी ठेकेदार राजेंद्र कुमार सतनामी ने लोकायुक्त से शिकायत की थी कि वर्ष 2024-25 में उसे नगर परिषद पनागर की स्वास्थ्य शाखा में कीटनाशक सामग्री सप्लाई का ठेका मिला था। करीब 9 लाख 75 हजार रुपए के इस ठेके के तहत सामग्री सप्लाई करने के बाद उसे दो किस्तों में भुगतान प्राप्त हो चुका था।
शिकायतकर्ता का आरोप था कि भुगतान प्रक्रिया पूरी करने और कार्यालय में जमा 48 हजार रुपए की फिक्स डिपॉजिट राशि वापस करने के लिए उपयंत्री शुभम जैन द्वारा 50 हजार रुपए रिश्वत की मांग की जा रही थी। लगातार दबाव से परेशान होकर ठेकेदार ने इसकी शिकायत लोकायुक्त पुलिस से की।
शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त टीम ने मामले का सत्यापन कराया, जिसमें आरोपी द्वारा रिश्वत की मांग की पुष्टि हुई। इसके बाद 40 हजार रुपए में सौदा तय हुआ। मंगलवार को लोकायुक्त टीम ने जाल बिछाकर नगर परिषद पनागर कार्यालय में जैसे ही उपयंत्री शुभम जैन ने रिश्वत की रकम स्वीकार की, उसे रंगे हाथ पकड़ लिया गया। इस मामले में नगर परिषद के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी अभिलाष रजक की भूमिका भी सामने आई है। लोकायुक्त पुलिस दोनों आरोपियों के संबंध में आगे की जांच कर रही है। लोकायुक्त पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 7, 13(1)(बी), 13(2) तथा बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। ट्रेप दल में निरीक्षक जितेंद्र यादव, निरीक्षक बृज मोहन नरवरिया सहित लोकायुक्त की टीम शामिल थी|