लूटकांड के बाद बंद रही थोक व फुटकर आनाज मंडी, व्यापारियों में आक्रोश, प्रदर्शन चौतरफा विरोध का असर


जबलपुर। व्यापार किसी भी शहर की आर्थिक रीढ़ होता है और जब व्यापारी ही खुद को असुरक्षित महसूस करने लगे, तो पूरे शहर की व्यवस्था पर संकट खड़ा हो जाता है। बुधवार को जबलपुर की कृषि उपज मंडी में हुई दिनदहाड़े लूट की वारदात ने यही हालात पैदा कर दिए हैं। गुरुवार को जबलपुर कृषि उपज मंडी में थोक नीलामी पूरी तरह ठप रही और फुटकर बाजार भी दिनभर बंद रहा। मंडी बंदी का असर शहर के अन्य बाजारों में भी देखने को मिला, जहां व्यापारियों ने सांकेतिक हड़ताल और विरोध प्रदर्शन किया। इस घटना के बाद जबलपुर चेंबर ऑफ कॉमर्स, महाकौशल चेंबर ऑफ कॉमर्स सहित कई व्यापारी संगठनों ने बयान जारी कर नाराजगी जताई और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की।
गौरतलब है की निवाड़गंज गल्ला मंडी निवासी अनाज व्यापारी वीरेंद्र केसरवानी के यहां बीते 20 वर्षों से कार्यरत कर्मचारी विकास साहू को व्यापारी के पुत्र सतीश उर्फ सत्तू केसरवानी ने किसानों के भुगतान के लिए एचडीएफसी बैंक से 19 लाख रुपये निकलवाकर मंडी भेजा था। विकास साहू पैसों से भरा बैग एक्टिवा स्कूटर में आगे रखकर जब मंडी के गेट नंबर-1 के पास पहुंचा, तभी वहां पहले से घात लगाए खड़े एक युवक ने उसके सिर पर लोहे की रॉड से हमला कर दिया। हमले से विकास नीचे गिर पड़ा और इसी दौरान युवक बैग लेकर भाग गया। मौके पर पहले से मौजूद उसका एक साथी स्कूटर लेकर खड़ा था, दोनों आरोपी उसी स्कूटर से फरार हो गए।

दिन भर बंद रहा फुटकर व्यापार…


कृषि उपज मंडी में जहां सुबह से नीलामी प्रक्रिया नहीं हुई जिससे सैंकड़ों टन सब्जियों आदि की खरीद फरोख्त नहीं हो सकी. वहीं दिन भर निवाड़गंज मंडी सहित अन्य फुटकर मंडी बंद रही. देर शाम पुलिस के आश्वासन के बाद फुटकर मंडी में कारोबार शुरु हो गया, लेकिन नीलामी प्रक्रिया से जुड़े थोक व्यापारियों में आक्रोश बरकरार है, उनका कहना है की जब तक दोषी पकड़े नहीं जाएंगे, वो कारोबार नहीं शुरु करेंगे.

चेंबर ऑफ कॉमर्स ने जताया आक्रोश…


इस घटना के बाद व्यापारियों में जबरदस्त आक्रोश और भय का माहौल है। जबलपुर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के पदाधिकारियों ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जब व्यापारी सुरक्षित नहीं रहेंगे तो व्यापार कैसे आगे बढ़ेगा। चेंबर के कमल ग्रोवर, प्रेम दुबे, अजय अग्रवाल, अजय बख्तावर, बलदीप सिंह मैनी, पंकज माहेश्वरी, सतीश जैन, दीपक नौगरैया, वीरेंद्र केसरवानी, दीपक जैन, मुकेश जैन, मुकेश अग्रवाल (बंसाला), राधेश्याम अग्रवाल, राजीव बडेरिया, दीपक सेठी, राकेश श्रीवास्तव, भीमलाल गुप्ता, रजनीश त्रिवेदी, अरुण पवार, संदेश जैन, जितेंद्र पचौरी, विनीत गोकलानी, राजा सराफ, गुरमीत सिंह छाबड़ा, नरिंदर सिंह पांधे, मुनींद्र मिश्रा, मुकेश प्यासी, रवि गुप्ता (मनेरी उद्योग संघ), शशिकांत पांडेय सहित कई व्यापारियों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।

पुलिस जांच में जुटी, शहरभर में नाकेबंदी……..


वारदात की सूचना मिलते ही विजयनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मंडी के मुख्य गेट को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया। प्रवेश और निकास मार्गों पर नाकेबंदी कर दी गई है और भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
पुलिस द्वारा बताया गया कि आसपास के सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और स्कूटर सवार दोनों आरोपियों की पहचान करने के प्रयास किए जा रहे हैं।

बढ़ते अपराधों से बढ़ी चिंता……….


इस घटना ने एक बार फिर शहर में बढ़ते अपराधों पर चिंता खड़ी कर दी है। व्यापारियों और आम नागरिकों का कहना है कि बीते कुछ समय से लूट, चाकूबाजी और अन्य आपराधिक घटनाओं में तेजी आई है, जिससे कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
अब देखना होगा कि पुलिस इस मामले में कितनी तेजी से कार्रवाई करती है और अपराधियों को कब तक गिरफ्तार किया जाता है।